क़लम एक कुदाल जुड़िए संस्कृति से ...

मज़बूरी में चिल्लाता है 0

विकृत विकास का क़हर

विकृत विकास का क़हर, फेफड़ों में घुलता ज़हर ..! विकास के नाम पर मुनाफ़ा कूटने की अनियंत्रित अन्धी हवस और धनपतियों की विलासिता की क़ीमत जहाँ ग़रीब मेहनतकश आबादी अपनी हडि्डयाँ गलाकर चुकाती है,...

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ये हीरू ओनेडा हैं

ये हीरू ओनेडा हैं । जापान की इम्पीरियल आर्मी का सिपाही, जिसने जिंदगी के 30 साल दूसरा विश्वयुद्ध लड़ते हुए गुजार दिए।दूसरे विश्वयुद्ध के पूर्व जापान में राजशाही, वस्तुतः एक फासिस्ट किस्म के सिस्टम...

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प्लास्टिक

प्लास्टिक …लोग-बाग पेड़ का तना या डाल पकड़कर उस पर चढ़ते हैं। लेकिन, सरकारें फुनगी पकड़कर पेड़ पर चढ़ना चाहती हैं। जरा सोचिए, क्या फुनगी पकड़कर पेड़ पर चढ़ना संभव है। तो फिर यह...

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संविधान के जन्मदिवस पर

72 वें गणतंत्र दिवस पर ,संविधान के जन्मदिवस पर ।कुछ मातम कुछ खुशियाँ लेकर ,आशा और निराशा लेकर ।जज्बात के रिस्ते जख्मो पर ,मरहम लेकर आई है ।छब्बीस जनवरी आई है ।। आजादी की...

आज 26 जनवरी का दिन 0

आज 26जनवरी का दिन

जाग उठा हैं अपना हिंदोस्तानआज 26जनवरी का दिनगणतंत्र दिवस समारोह का स्वाभिमानजाग उठा हैं अपना हिंदोस्तानआज़ादी की नारे लिए,मचल उठा हैं अपना हिंदोस्तान,माता बहने बच्चे बूढ़े,सड़क पर हैं अपना हिंदोस्तान।आँधी बादल ठंडी बारिश,लांछन दमन...

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मैं विचार विमर्श करूंगा

मैं विचार विमर्श करूंगा,हाँ, अवश्य करूंगा।ये विचारों का मंथन न होता,तो शायद मेरा भी,आज जनेऊ होता,सूर्य को पानी देता।कर रहा होता कर्मकांड,जो मेरे पुरखे करते थे,गुरूनानक देव जी के,आगमन से पहले।अब तुम चाहे मुझेनिंदक...

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